मुख्य सामग्री पर जाएं
ताज़ा
भारत ने लॉन्च किए तीन स्वदेशी एआई मॉडल जो फोन पर बिना इंटरनेट चलेंगेसुप्रीम कोर्ट ने ई‑कमेटी को ज्ञापन देने की अनुमति दी, न्याय व्यवस्था में एकरूपता की उम्मीदतुर्किए में COP-31 में 2035 तक बिजली की हिस्सेदारी 35% करने पर चर्चाअमेरिकी मिडटर्म चुनाव: कांग्रेस में बहुमत खोने के बाद भी ट्रंप की ताकत तुरंत नहीं घटेगीदवाओं‑मेडिकल उपकरणों के आयात के लिए 6 राज्यों में एंट्री पॉइंट प्रस्तावितदिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण से फेफड़े‑दिल पर असर, डॉ. रणदीप गुलेरिया ने बताए बचाव के उपायबिहार में टिकट दावेदारी के सिलसिले में आए भाजपा नेता राजवीर कश्यप का मुजफ्फरनगर में हार्ट अटैक से निधनदिल्ली‑गुवाहाटी बुलेट ट्रेन मार्ग में "चिकन नेक" कॉरिडोर चुनौतीकौशल विकास मंत्रालय ने 19 संस्थानों को कौशल उत्कृष्टता केंद्र मान्यता दी, वैधता 2029 तक4 नवंबर से शुरू होगा ‘वयो सम्मान राष्ट्रीय अभियान’ बुजुर्गों‑युवाओं के बीच दूरी पाटने की नई पहलपेंशनभोगियों से डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र अपनाने की अपील, घर बैठे जमा करें DLCसुप्रीम कोर्ट ने BMC आयुक्त का वेतन रोका, 5 लाख जुर्माना और अवमान कार्रवाई शुरू
देश

21वीं सदी में सैन्य‑तकनीकी तैयारियों को अलग नहीं किया जा सकता, राजनाथ सिंह

दैनिक आयाम न्यूज़ डेस्क

प्रकाशित:

WhatsApp

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि आज के युग में सैन्य और तकनीकी तैयारियों को अलग‑अलग नहीं माना जा सकता। उन्होंने बताया कि भारत की आत्मनिर्भरता और तकनीकी संप्रभुता हासिल करना आवश्यक है, ताकि रक्षा क्षेत्र की प्रमुख आवश्यकताएँ बाहरी निर्भरता से प्रभावित न हों।

इस दृष्टिकोण के तहत, देश को अपने रक्षा उपकरणों और तकनीकों का विकास स्वयं करना होगा, जिससे विदेशी आपूर्ति पर निर्भरता घटे और राष्ट्रीय सुरक्षा की स्थिरता बनी रहे।

यह खबर क्यों अहम है

देश स्तर का यह घटनाक्रम आम नागरिकों, राज्यों और नीतियों पर असर डाल सकता है।

इस खबर को शेयर करें

WhatsApp

सुप्रीम कोर्ट ने ई‑कमेटी को ज्ञापन देने की अनुमति दी, न्याय व्यवस्था में एकरूपता की उम्मीद

सुप्रीम कोर्ट ने न्याय व्यवस्था में पारदर्शिता और एकरूपता लाने के उद्देश्य से ई‑कमेटी को ज्ञापन प्रदान करने की अनुमति दी। यह निर्णय न्याय प्रणाली में मानकीकरण को सुदृढ़ करने और प्रक्रियात्मक स्पष्टता बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना गया है।

दैनिक आयाम न्यूज़ डेस्क

तुर्किए में COP-31 में 2035 तक बिजली की हिस्सेदारी 35% करने पर चर्चा

तुर्किए में आयोजित होने वाले COP-31 सम्मेलन में 2035 तक कुल ऊर्जा खपत में बिजली की हिस्सेदारी को 35% तक बढ़ाने की योजना पर चर्चा होगी। वर्तमान में यह हिस्सा लगभग 20% है, जिससे लक्ष्य तक पहुँचने के लिए महत्वपूर्ण परिवर्तन आवश्यक हैं। पर्यावरणीय नीति निर्माताओं और ऊर्जा विशेषज्ञों ने इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों के विस्तार और ऊर्जा दक्षता सुधारों को प्रमुख उपाय माना है।

दैनिक आयाम न्यूज़ डेस्क

दवाओं‑मेडिकल उपकरणों के आयात के लिए 6 राज्यों में एंट्री पॉइंट प्रस्तावित

स्वास्थ्य मंत्रालय ने दवाओं, चिकित्सा उपकरणों और सौंदर्य प्रसाधनों के आयात को सुगम बनाने हेतु अधिकृत प्रवेश केंद्रों का विस्तार करने का प्रस्ताव रखा है। इस योजना के तहत छह राज्यों में नए एंट्री पॉइंट स्थापित किए जाएंगे, जिससे आयात प्रक्रिया में गति आएगी और नियामक नियंत्रण मजबूत होगा। प्रस्तावित एंट्री पॉइंटों से आयातकों को एक ही स्थान पर सभी आवश्यक दस्तावेज़ जमा करने की सुविधा मिलेगी, जिससे समय और लागत दोनों में कमी की उम्मीद है।

दैनिक आयाम न्यूज़ डेस्क

दिल्ली‑गुवाहाटी बुलेट ट्रेन मार्ग में "चिकन नेक" कॉरिडोर चुनौती

दिल्ली से गुवाहाटी तक बुलेट ट्रेन परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद मार्ग की कठिनाइयों पर चर्चा शुरू हुई है। मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा ने बताया कि "चिकन नेक" कॉरिडोर से ट्रेन को निकालना प्रमुख चुनौती होगी। इस कॉरिडोर को हटाने या बदलने की आवश्यकता के कारण तकनीकी और पर्यावरणीय बाधाएँ सामने आ रही हैं, जिससे परियोजना की समयसीमा और लागत पर असर पड़ सकता है।

दैनिक आयाम न्यूज़ डेस्क