21वीं सदी में सैन्य‑तकनीकी तैयारियों को अलग नहीं किया जा सकता, राजनाथ सिंह
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रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि आज के युग में सैन्य और तकनीकी तैयारियों को अलग‑अलग नहीं माना जा सकता। उन्होंने बताया कि भारत की आत्मनिर्भरता और तकनीकी संप्रभुता हासिल करना आवश्यक है, ताकि रक्षा क्षेत्र की प्रमुख आवश्यकताएँ बाहरी निर्भरता से प्रभावित न हों।
इस दृष्टिकोण के तहत, देश को अपने रक्षा उपकरणों और तकनीकों का विकास स्वयं करना होगा, जिससे विदेशी आपूर्ति पर निर्भरता घटे और राष्ट्रीय सुरक्षा की स्थिरता बनी रहे।
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देश स्तर का यह घटनाक्रम आम नागरिकों, राज्यों और नीतियों पर असर डाल सकता है।
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