पहला राष्ट्रीय सरस मेला 2026 विजयवाड़ा में सफल, 12.8 करोड़ रुपये की बिक्री, 12 लाख से अधिक आगंतुक
प्रकाशित: (फ़ीड में तिथि नहीं थी — यह प्राप्त होने का समय है)
पहला राष्ट्रीय सरस मेला 2026, जो ग्रामीण विकास मंत्रालय की पहल और आंध्र प्रदेश सरकार के सहयोग से आयोजित हुआ, 15 अक्टूबर को राष्ट्रपति माननीया श्रीमती द्रौपदी मुर्मु के उद्घाटन के साथ विजयवाड़ा के पुन्नमी घाट में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस मेले में 30 से अधिक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के लगभग 1,500 ग्रामीण महिला उद्यमियों ने भाग लिया और कुल 12.8 करोड़ रुपये से अधिक की बिक्री दर्ज की गई, जबकि 12 लाख से अधिक आगंतुकों ने स्टॉलों का दौरा किया।
मेले में 600 स्टॉलों के माध्यम से महिला उद्यमियों ने हथकरघा, हस्तशिल्प, प्राकृतिक खाद्य उत्पाद और क्षेत्रीय व्यंजनों का प्रदर्शन किया, जिसमें प्रतिदिन औसतन 45,000‑50,000 आगंतुकों का स्वागत हुआ। सरस शक्ति फूड कोर्ट के 50 स्टॉलों ने अकेले 1.9 करोड़ रुपये से अधिक की बिक्री उत्पन्न की, और कुल बिक्री में हथकरघा व हस्तशिल्प की हिस्सेदारी 75 प्रतिशत रही।
राष्ट्रपति के अलावा, आंध्र प्रदेश के राज्यपाल एस. अब्दुल नज़ीर, मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू, केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान, केंद्रीय मंत्री के. राममोहन नायडू तथा केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्रशेखर सहित कई गणमान्य व्यक्तियों ने मेले में भाग लिया। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री ने कहा कि केंद्र‑राज्य सहयोग से तकनीकी एवं विपणन व्यवस्था को सुदृढ़ कर महिला उद्यमियों की वित्तीय आत्मनिर्भरता को बढ़ावा दिया जाएगा।
यह आयोजन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के "वोकल फॉर लोकल" अभियान और दीनदयाल अंत्योदय योजना‑राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (DAWY‑NRLM) के तहत 2029 तक छह करोड़ लखपति दीदियों के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। मेले ने ग्रामीण महिलाओं को राष्ट्रीय मंच प्रदान कर उनके उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुँचाने का अवसर दिया, जिससे स्थानीय कारीगरों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि की संभावना बनती है।
भविष्य में इस प्रकार के मेले को केवल कुछ सप्ताह तक सीमित न रखकर पूरे वर्ष चलाने की मांग भी प्रमुख नेताओं ने की। यदि इस दिशा में नीतिगत समर्थन जारी रहा तो ग्रामीण महिला उद्यमियों को निरंतर बाजार उपलब्धता, वित्तीय सहायता और कौशल विकास के लाभ मिलेंगे, जिससे ग्रामीण अर्थव्यवस्था में स्थायी परिवर्तन की आशा है।
यह खबर क्यों अहम है
देश स्तर का यह घटनाक्रम आम नागरिकों, राज्यों और नीतियों पर असर डाल सकता है।
प्रतियोगी परीक्षा के नज़रिए से
- पहला राष्ट्रीय सरस मेला 2026 का आयोजन 15 अक्टूबर 2026 को विजयवाड़ा, आंध्र प्रदेश में हुआ
- मेले में 30 से अधिक राज्यों के 1,500 से अधिक महिला उद्यमियों ने भाग लिया
- कुल बिक्री 12.8 करोड़ रुपये, जिसमें हथकरघा‑हस्तशिल्प का हिस्सा 75% रहा
- सरस शक्ति फूड कोर्ट में 1.9 करोड़ रुपये से अधिक की बिक्री दर्ज हुई
परीक्षा की दृष्टि से
उपयोगी परीक्षाएं: UPSC, SSC, बैंकिंग, रेलवे, राज्य PCS
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