मुख्य सामग्री पर जाएं
ताज़ा
16 साल पहले भाजपा-सपा ने मिलकर चलाई थी मॉक संसद, लालू बने थे प्रधानमंत्री; क्या थी मांग?8 साल के प्रेम प्रसंग के बाद दर्दनाक अंत... कर्नाटक में प्रेमिका के परिवार वालों की पिटाई से आहत युवक ने दी जानचांदी इस हफ्ते 13 हजार रुपए सस्ती, ₹1.81 लाख आई:सोना ₹1576 गिरकर ₹1.40 लाख पर आया, जाने अपने शहरों में दामएयर चीफ मार्शल एपी सिंह देश की 42 वर्षों की विशिष्ट सेवा के बाद सेवानिवृत्त हुएईपीएफओ कल अपना नई दिल्ली में 74वाँ स्थापना दिवस मनाएगाविधायी विभाग ने राष्ट्रीय एकता दिवस पर 'रन फॉर यूनिटी' में भाग लियाएम एस एम ई मंत्रालय की हिंदी सलाहकार समिति की बैठक आयोजित, ‘उद्यमी मित्र’ और ‘उद्यम प्रभा’ पत्रिकाओं का विमोचन'इच्छा पूरी नहीं कर सकीं', YS जगन रेड्डी के मना करने पर बहन शर्मिला ने बदला बेटी की शादी का वेन्यूदिल्ली: डॉ. चिन्मय पंड्या के नेतृत्व में गायत्री परिवार के जन्मशताब्दी महोत्सव का शुभारंभ, ओम बिरला और सिंधिया ने की शिरकतVideo: चीन की AI फिल्म हुई सुपर फ्लॉप तो एलन मस्क का 'प्रयोग' नहीं खींच पाया दर्शक; आखिर क्यों'राहुल गांधी को जीवन भर 'नकली PM' बनाए रखें', CEC के खिलाफ INDI गठबंधन के जन-महाभियोग पर BJP का तंजमणिपुर में मैतेई समुदाय की रैली, नगा संगठनों का समर्थन:सरकार के खिलाफ नारेबाजी, कुकी उग्रवादियों के साथ हुआ समझौता रद्द करने की मांग
राजनीति

जनअभियोग तक कैसे पहुंची बात... ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्षी आंदोलन की पूरी क्रोनोलॉजी समझिए

स्रोत:एनडीटीवी इंडिया

मूल प्रकाशन:

सारांश

जन महाभियोग को इंडिया गठबंधन की आंदोलनकारी रणनीति का एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है, जिसका ग्रैंड फिनाले 1 नवंबर को रामलीला मैदान में प्रस्तावित रैली में देखने को मिल सकता है. इस तरह अक्टूबर का पूरा महीना विपक्ष और सरकार के बीच राजनीतिक टकराव, धरना-प्रदर्शन और शक्ति प्रदर्शन की राजनीति के रूप में याद किया जा सकता है, जिसमें विपक्ष लगातार सरकार को घेरने की कोशिश करता दिखाई दिया.

यह शीर्षक और सारांश एनडीटीवी इंडिया के RSS फ़ीड से लिया गया है। दैनिक आयाम ने इसमें कोई तथ्य नहीं जोड़ा है।

मूल खबर पढ़ें (एनडीटीवी इंडिया पर, नई टैब में)

मुख्य बिंदु

  • जन महाभियोग को इंडिया गठबंधन की आंदोलनकारी रणनीति का एक महत्वपूर्ण पड़ाव माना जा रहा है, जिसका ग्रैंड फिनाले 1 नवंबर को रामलीला मैदान में प्रस्तावित रैली में देखने को मिल सकता है.
  • इस तरह अक्टूबर का पूरा महीना विपक्ष और सरकार के बीच राजनीतिक टकराव, धरना-प्रदर्शन और शक्ति प्रदर्शन की राजनीति के रूप में याद किया जा सकता है, जिसमें विपक्ष लगातार सरकार को घेरने की कोशिश करता दिखाई दिया.

यह खबर क्यों अहम है

राजनीतिक घटनाक्रम आने वाले फैसलों, चुनावी समीकरण और शासन की दिशा को समझने में मदद करता है।

इस खबर को शेयर करें

16 साल पहले भाजपा-सपा ने मिलकर चलाई थी मॉक संसद, लालू बने थे प्रधानमंत्री; क्या थी मांग?

इंडी गठबंधन ने मल्लिकार्जुन खरगे के आवास पर मॉक संसद का आयोजन किया, जिसकी अध्यक्षता पूर्व लोकसभा अध्यक्ष मीरा कुमार ने की। यह आयोजन 2010 की मॉक संसद की याद दिलाता है, जब मीरा कुमार ने इसका विरोध किया था।

दैनिक जागरण

'राहुल गांधी को जीवन भर 'नकली PM' बनाए रखें', CEC के खिलाफ INDI गठबंधन के जन-महाभियोग पर BJP का तंज

भाजपा सांसद संबित पात्रा ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए आरोप लगाया कि देश में पहली वोट चोरी नेहरू के समय हुई थी। उन्होंने दावा किया कि सरदार पटेल के वोट चुराकर जवाहरलाल नेहरू प्रधानमंत्री बने थे।

दैनिक जागरण

'सरदार पटेल के वोट चोरी करके नेहरू बने थे PM', विपक्ष की मॉक पार्लियामेंट के बीच बोली BJP

कांग्रेस की मॉक संसद और जन-महाभियोग कार्यक्रम के बीच भाजपा ने पलटवार करते हुए कांग्रेस पर 'वोट चोरी' करने का आरोप लगाया है.

एनडीटीवी इंडिया

चुनाव चोरी की साजिश, 13 करोड़ नाम काटे... 'मॉक पार्लियामेंट' में CEC ज्ञानेश कुमार पर 6 बड़े आरोप

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विपक्ष शनिवार को 'जन महाभियोग' कार्यक्रम कर रही है. इसमें कांग्रेस की ओर से 6 बड़े आरोप लगाए गए हैं.

एनडीटीवी इंडिया